info.success4ever@gmail.com
Download App

Member Login

To login our website you have to Install our official App given below.

If you have already installed then go to the Success4ever App and login with your Login ID and Password.

Download Our Apps


Success4ever
Official Android application to access our website where user enter their login credentials.
With the help of this application user can login to our website "www.Success4ever.co.in" and go to forget page if in case user forget their login credentials i.e. username or password.

Forgot Password ?

Forgot Password ?. If you need help resetting your password, we can help by sending an SMS on your registered Mobile No. with us. Click the Forgot Password button and Enter Your Registered Mobile Number. Click to "Send Password" button . You can try "Forgot Password" only two times in a day.

Send Password

Advertisement

Recommended for you

चतुरंग आसन क्या होता है? by Manoj Mehra, Kiratpur ...

आसन क्या होता है?

हम आजकल बहुत ही ज्यादा एक शब्द सुन रहे हैं. योगासन, परंतु हम आसन के बारे में कुछ भी नहीं जानते हैं ।यदि हम जानना चाहे आसन क्या होते हैं तो हमें पता चलता है कि हमारे पुराने ऋषि मुनियों ने स्वास्थ्य की दृष्टि से कुछ इस प्रकार की क्रियाओं का आविष्कार किया था या खोजबीन की थी ताकि हम पूरे जीवन में अपने शरीर को कुछ विशेष प्रकार की मुद्राओं में बैठकर स्वस्थ रह सकें।
चित्त को स्थिर रखने वाले तथा सुख देने वाले बैठने के प्रकार को हम आसन कहते हैं/
योग में यम और नियम के बाद आसन का तीसरा स्थान होता है /
आसनों का मुख्य उद्देश्य शरीर के मल को नाश करना है ,क्योंकी शरीर में मल या दूषित विकारों के नष्ट हो जाने से शरीर का मन में स्थिरता का आविर्भाव होता है /शांति और स्वास्थ्य लाभ मिलता है/ अतः शरीर के स्वस्थ रहने पर मन और आत्मा में संतोष मिलता है/

जो आसन हम करते हैं उनको उन्होंने पांच प्रकार में विभाजित किया है/ अब विभाजन उन्होंने कुछ इस प्रकार से किया कि कुछ पशुओं को देख कर, कुछ वस्तुओं को देख कर ,कुछ प्रकृति से प्रेरणा लेते हुए इस प्रकार से उन्होंने सभी आसनों का विभाजन किया है /

योगाभ्यास करते हुए कुछ महत्वपूर्ण बातें ध्यान रखने योग्य↠

  1. सर्वप्रथम किसी खुले स्थान पर जाएं जैसे पार्क या आपके घर की छत जहां पर ऑक्सीजन प्रचुर मात्रा में आ रही हो जमीन पर सूती चादर या कोई कपड़ा बिछा कर बैठे/
  2. अपने सर को किसी सूती वस्त्र से या कैप से ढक लें‍/
  3. खाली पेट हो टॉयलेट होकर जाए यदि पेट साफ ना हो रहा हो तो सुबह उठ कर दो गिलास गुनगुना पानी पी ले और शंखप्रक्षालन की क्रिया करें/
  4. यदि कोई ऑपरेशन हुआ हो तो डॉक्टर की सलाह के पश्चात तीन महीने अर्थात 90 दिन से पहले कोई व्यायाम ना करें/
  5. स्वास भर कर पीछे झुकने की एक्सरसाइज करते हैं स्वास् छोड़ते हुए आगे झुकते हैं/
  6. शरीर की क्षमता से अधिक कोई एक्साइज नहीं करते हैं/
  7. ब्रह्म मुहूर्त का समय एक्सरसाइज करने के लिए सबसे अच्छा होता है अर्थात सुबह 5:00 बजे के लगभग जब सूर्य निकलने वाला है/
  8. सर्वप्रथम व्यायाम करना चाहिए उसके पश्चात प्राणायाम करना चाहिए/
  9. शाम के समय भी एक्सरसाइज कर सकते हैं यदि सुबह नहीं कर पा रहे हैं परंतु कम से कम दो-तीन घंटे पहले खाना खाया हुआ हो खाने के पश्चात तो सिर्फ बज्रासन कर सकते हैं जो कि हमारे खाने को पचाने में सहायक होता है/
  10. अंत में सूक्ष्म क्रियाएं करनी चाहिए/
  11. कमर में दर्द हो आगे नहीं झुकना चाहिए गर्दन में दर्द हो तो आगे को झुकने वाली एक्सरसाइज नहीं करनी चाहिए/
  12. मुख हमेशा पूर्व दिशा में रखना चाहिए/
  13. आंखें बंद कर कर क्रिया पर ध्यान देना चाहिए पूरी तरह से ध्यान केंद्रित करना चाहिए/
  14. महिलाओं को अपने पीरियड के दौरान एक्सरसाइज नहीं करनी चाहिए/
  15. गर्भावस्था में भी एक्सरसाइज नहीं करनी चाहिए डॉक्टर की सलाह के अनुसार कुछ सूक्ष्म व्यायाम आदि कर सकती हैं/
  16. बिना सही विधि जाने कोई भी आसान प्राणायाम अथवा व्यायाम नहीं करना चाहिए अन्यथा लाभ के स्थान पर हानि हो सकती है/
  17. किसी योग्य योग शिक्षक की देखरेख में ही प्रारंभ में व्यायाम ,आसन और प्राणायाम करने चाहिए जब आप पूरी तरह से दक्ष हो जाते हैं तब अपने आप कर सकते हैं क्योंकि सही विधि से ही आपको संपूर्ण लाभ होता है/
  18. हर आसन व्यायाम और प्राणायाम में सांसो का एक अलग सिस्टम होता है उसके आधार पर ही स्वास् को लेना और छोड़ना होता है यदि हम स्वास की क्रिया का ध्यान रखते हुए व्यायाम करते हैं तो हमें अच्छा लाभ होता है।
Read More